स्ट्रांग रूम से मतगणना स्थल तक डीएम की नजर, मजिस्ट्रेटों को मिले तीन दिन
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- Updated: 12 October, 2026 20:41
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स्ट्रांग रूम से मतगणना स्थल तक डीएम की नजर, मजिस्ट्रेटों को मिले तीन दिन
लखनऊ खंड स्नातक व शिक्षक निर्वाचन के लिए मतदान कर्मियों को दिया गया प्रशिक्षण
सेक्टर और जोनल मजिस्ट्रेटों को तीन दिन में सभी मतदान केंद्र देखने के निर्देश
लखनऊ। विधान परिषद के द्विवार्षिक चुनाव को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। सोमवार को जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिलाधिकारी विशाख जी ने लखनऊ खंड स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के लिए मतदान कर्मियों को प्रशिक्षण दिलाया। इसके बाद उन्होंने रमाबाई स्थल पर बने इंतजामों का मुआयना किया और अफसरों की बैठक लेकर कड़े निर्देश दिए।
इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान के मरकरी हाल में पीठासीन अधिकारियों और प्रथम मतदान अधिकारियों का प्रशिक्षण दो पालियों में हुआ। डीएम ने बताया कि सभी कर्मचारी समय से पहुंचे और उपस्थिति दर्ज कराई। प्रशिक्षण में कर्मचारियों को मतदान से पहले की तैयारी, केंद्र पर इंतजाम, मतदान प्रक्रिया को सही ढंग से चलाने, मतदाताओं की पहचान, मतपत्रों के इस्तेमाल, मतदान की गोपनीयता बनाए रखने और जरूरी कागजात संभालकर रखने की बारीकियां समझाई गईं।
प्रशिक्षण के बाद डीएम रमाबाई स्थल पहुंचे। यहां उन्होंने पोलिंग पार्टियों की रवानगी स्थल, स्ट्रांग रूम और मतगणना स्थल को देखा। उन्होंने अफसरों से कहा कि पोलिंग पार्टियों के ड्यूटी लेने की जगह, चुनाव सामग्री बांटने के स्थान, पार्किंग और बैरिकेडिंग का साफ-सुथरा नक्शा तैयार करें, ताकि आवागमन में किसी को दिक्कत न हो। स्ट्रांग रूम की सुरक्षा और मतगणना स्थल की जरूरी व्यवस्थाएं भी समय से पूरी करने को कहा गया।
इसके बाद कलेक्ट्रेट सभागार में सेक्टर और जोनल मजिस्ट्रेटों की बैठक हुई। जिले में चुनाव के लिए 45 सेक्टर और 9 जोन बनाए गए हैं। डीएम ने सभी मजिस्ट्रेटों को निर्देश दिया कि अपने-अपने क्षेत्र के सभी मतदान केंद्र तीन दिन के भीतर जरूर देख लें। निरीक्षण में केंद्रों की मौजूदा हालत, रूट, कमरों की संख्या, बिजली-रोशनी, दिव्यांग मतदाताओं के लिए रैंप, पीने का पानी और प्रतीक्षालय जैसी सुविधाएं मौके पर जाकर परखनी होंगी। कमियां मिलने पर उन्हें तय समय में दूर कराना होगा। चेकलिस्ट और निरीक्षण रिपोर्ट गुरुवार, 15 अक्टूबर तक हर हाल में जमा करनी होगी।
प्रशिक्षण, निरीक्षण और बैठक में मुख्य विकास अधिकारी, अपर जिलाधिकारी नगर पूर्वी, अपर जिलाधिकारी प्रशासन, अपर जिलाधिकारी नागरिक आपूर्ति, मंडी सचिव, एआरटीओ, अभिहित अधिकारी खाद्य सुरक्षा, एलडीए और स्मारक समिति के अधिकारी, जिला विकास अधिकारी, बेसिक शिक्षा अधिकारी तथा सभी सेक्टर व जोनल मजिस्ट्रेट मौजूद रहे।
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