लखनऊ में टप्पेबाजी करने वाले अंतरप्रांतीय गिरोह का पर्दाफाश, तीन महिलाओं समेत चार गिरफ्तार
लखनऊ में टप्पेबाजी करने वाले अंतरप्रांतीय गिरोह का पर्दाफाश, तीन महिलाओं समेत चार गिरफ्तार
फेरीवाला बनकर करते थे रेकी, ई-रिक्शा में उल्टी का बहाना बनाकर उड़ा लेते थे कीमती जेवरात।
नागपुर का शातिर परिवार लखनऊ की झुग्गियों में छिपकर दे रहा था वारदातों को अंजाम।
लखनऊ के कृष्णानगर थाना पुलिस और सर्विलांस सेल की टीम ने मंगलवार को एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए टप्पेबाजी करने वाले एक शातिर अंतरप्रांतीय गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों में तीन महिलाएं और एक पुरुष शामिल हैं, जो मूल रूप से नागपुर के रहने वाले हैं और यहां झुग्गी-झोपड़ियों में रहकर वारदातों को अंजाम दे रहे थे। पुलिस ने इनके कब्जे से चोरी और टप्पेबाजी की गई पीली और सफेद धातु के आभूषण बरामद किए हैं। पुलिस की इस कार्यवाही से क्षेत्र में सक्रिय गिरोह के नेटवर्क को बड़ी चोट पहुंची है।
पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि इस गिरोह की सरगना शेषकला है, जो अपने परिवार के साथ मिलकर वारदातों को अंजाम देती थी। यह गिरोह दिन के समय फेरी वाले का वेश धारण कर भीड़भाड़ वाले इलाकों में बुजुर्गों और आभूषण पहने हुए लोगों की रेकी करता था। विशेषकर ई-रिक्शा या ऑटो की प्रतीक्षा कर रहे यात्रियों को ये अपना निशाना बनाते थे। इनका काम करने का तरीका बेहद शातिर था; जैसे ही इनका लक्षित व्यक्ति वाहन में बैठता, गिरोह के सदस्य उसके दोनों ओर बैठ जाते थे। सफर के दौरान ये लोग उल्टी करने का नाटक करते या सवारी को सेफ्टी पिन चुभोकर असहज कर देते थे। इसी अफरा-तफरी और बातचीत में उलझाकर ये लोग बड़ी सफाई से कीमती जेवर पार कर देते थे।
पकड़े गए अभियुक्तों की पहचान शेषकला, दयालाल, पूजा और गौरी देवी उर्फ नमजा के रूप में हुई है। यह गिरोह गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार अपना ठिकाना बदलता रहता था और पहचान छिपाने के लिए बार-बार अपने हुलिए और पते में बदलाव करता था। पुलिस ने इनके खिलाफ चोरी, जबरन वसूली के प्रयास, आपराधिक धमकी और चोरी की संपत्ति को बेईमानी से प्राप्त करने जैसे गंभीर अपराधों के तहत मामला दर्ज किया है। गिरोह की सरगना शेषकला पर पहले से ही लखनऊ के विभिन्न थानों में चोरी और टप्पेबाजी के आठ मामले दर्ज हैं।
इस गिरोह को पकड़ने में महिला उप निरीक्षक सिद्धी मिश्रा ने अहम भूमिका निभाई, जिन्होंने वेश बदलकर गोपनीय तरीके से संदिग्ध महिलाओं की निगरानी की। मंगलवार को पुलिस टीम ने सटीक सूचना के आधार पर डूडा कॉलोनी, आशाराम बापू मार्ग, मानसनगर से इन सभी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस अब गिरोह के अन्य संभावित संपर्कों और उनके द्वारा पूर्व में की गई अन्य वारदातों के बारे में गहनता से पूछताछ कर रही है।


Comments